कसडोल : मुख्यमंत्री शाला सुरक्षा एवम व्यक्तिगत सुरक्षा पर प्रशिक्षण बोरसी में सम्पन्न,,,, आपदा में प्रबंधन को लेकर शिक्षक एवं शिक्षिकाओं को दिया गया 3 दिवसीय प्रशिक्षण,,,,,

कसडोल : मुख्यमंत्री शाला सुरक्षा एवम व्यक्तिगत सुरक्षा पर प्रशिक्षण बोरसी में सम्पन्न,,,, आपदा में प्रबंधन को लेकर शिक्षक एवं शिक्षिकाओं को दिया गया 3 दिवसीय प्रशिक्षण,,,,,


 मुख्यमंत्री शाला सुरक्षा एवं व्यक्तिगत सुरक्षा पर तीन दिवसीय कार्यशाला एवम प्रशिक्षण का आयोजन बोरसी, परसदा औऱ भिंभोरि संकुल का संयुक्त रूप से शासकीय पूर्व माध्यमिक शाला बोरसी में 26 मई से 28मई को सम्पन्न हुई।प्रशिक्षण का शुभारंभ प्रधानपाठक  श्री अशोक कुमार वर्मा, रमेश कुमार ध्रुव श्रीमती भगवती राजेश,द्वारा मां सरस्वती के पूजा अर्चना उपरांत हुई। संकुल स्तरीय ट्रेनर के रूप में  तीनो संकुल के समन्वयक श्री सम्मे लाल साहू,श्री जितेंद्र देवांगन,श्री जयलाल पैकरा एवम श्री रामकृपाल साहू शिक्षक द्वारा आपदा प्रबंधन की पूर्व तैयारी व कार्ययोजना तैयारी कर स्कूलों में बच्चों की सुरक्षा  पर विस्तार से एवम मॉक ड्रिल करके बताया गया।इस प्रशिक्षण का उद्देश्य हमारे क्षेत्र में होने वाले प्राकृतिक आपदा एवम जोखिम के बारे में शिक्षक,बच्चे व पालको को पूर्व में जानकारी होना चाहिए ताकि दुर्घटना से पहले सुरक्षा उपाय संभव हो।
संसाधन की कमी में आपदा  सुरक्षा :
मास्टर ट्रेनर श्री रामकृपाल साहू जी ने बताया कि अन्य देशों की तुलना में हमारे देश में आपदा से अधिक नुकसान होता है,आपदा के विभिन्न प्रकार एवम जोखिम को पहचान कर उसके बचाव के तरीके कम संसाधन में कैसे करे उसे विस्तार से समझाया। जैसे रस्सी, लकड़ी,कपड़ा से सुरक्षा सामग्री बनाना आदि ।श्री रामकृपाल साहू,श्री सम्मे लाल साहू,श्री जयलाल पैकरा,श्री देव सिंह पैकरा ,राजेन्द्र पटेल,मनोज ध्रुव एवम रामधनी पैकरा ने मिलकर
सभी शिक्षक शिक्षिकाओं को घायल व्यक्तियों की जान बचाने के लिए रेस्क्यू करने के तरीकों का डेमो प्रस्तुत किया ।जिसे सभी शिक्षक शिक्षिकाओं ने भी तरीकों का वहां पर अभ्यास कर उसे अपनाएं। ताकि वे सभी इन तरीकों को अपनी शाला में और समाज में जहां भी आवश्यकता है वहां प्रयोग करके घायलों को जान बचाने में एंबुलेंस के आने तक उनकी जान बचाने मैं सहयोग प्रदान कर सकें। इनमें कम घायल ,अधिक घायल, बेहोश ,पैर फैक्चर ,सांप काटने, बिच्छू काटने आदि के समय हम कैसे घायलों की मदद कर पाए। इसको बढ़िया से सिखाया गया।
व्यक्तिगत सुरक्षा कैसे करें : 
प्रशिक्षण में लैंगिक असमानता, शोषण से बचने, गुड टच, बैड टच एवम पास्को एक्ट के द्वारा बच्चों की मदद करने व्यक्तिगत सुरक्षा करने की बात को बहुत ही व्यावहारिक तरीके से  बताएं। इस प्रशिक्षण में तीनों संकुल के समस्त शिक्षक शिक्षिका उपस्थित रहे।कार्यक्रम  के समापन में ब्लॉक ट्रेनर पटेल सर लेक्चरर एवम जितेन्द्र देवांगन ने सभी शिक्षकों को अपने विद्यालय में इसे लागू करने के लिए प्रेरित किया। अंत मे आभार प्रदर्शन श्री जयलाल पैकरा समन्वयक द्वारा किया गया।

एक टिप्पणी भेजें

0 टिप्पणियाँ